10th sanskrit second terminal examination 2022

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second terminal examination 2022-23 10th sanskrit question paper 


Time-3: 15 Hours
1.
ISS - IA
(SANSKRIT)
परीक्षार्थी यथासंभव अपने शब्दों में उत्तर दें।
प्रश्न
(खण्ड) -1 वस्तुनिष्ठ
प्रश्न संख्या 1
से 60 तक में दिए गए चार विकल्पों में से एक ही उत्तर सही
है। किन्हीं 50 प्रश्नों के सही उत्तर को उत्तर तालिका (OMR Sheet) में
चिन्हित करें।
50x1 = 50
पंचतंत्र की कहानी कितने भागों में विभक्त है?
(B) 4
(A) 3
1875
(D) 6
2.
(C) कृष्ण
(D) नारद
महाभारत के रचनाकार कौन हैं?
(A) वेदव्यास (B) पराशर
3. संपूर्ण संसार किससे व्याप्त है?
(A) देवताओं से
प्रथम ब्रह्मण पुत्र कहाँ गया?
(B) परमात्मा से
(C) ऋषियों से (D) गन्धर्वो से

A) मुनि
के पास (B) घर की ओर (C) पर्वत की ओर (10) इनमें सभी
भैरवानन्द ने सभी ब्राह्मण पुत्रों को दिया।
(A) धन
(B) केला
ततीबाण पत्र को 

(C) दीपक


(खण्ड)
निर्देशानुसार
निम्नलिखित गद्यांशों को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित प्रश्नो
लिखें।
1) 'विद्या'
शब्दस्य अर्थः ज्ञानम् अस्ति। एषा दिया महता प्रयत्नेन लभ्यते।
नरः एव सर्वत्र सम्मानं लभते । विद्या मानवस्य सर्वश्रेष्ठम् आभूषण व
कुरूपम् अपि सुरूपं करोति। विदेश बन्धुवत् सहाय्यं करोति। अनया
कीर्ति धनम् सुखम् च लभते । अतः सर्वैः जनैः स्वजीवने सुखं समृदि
विद्या प्राप्तये प्रयत्नः करणीयः ।
(क) एक पदेन उतरत :-
(i) कः सर्वत्र सम्मानं लभते? (ii) मान
(ख) पूर्ण वाक्येन उत्तरत
(i)
(ग)
विद्या विदेशे किं करोति? (ii) विद्या
अस्य गद्यांशस्य एकं समुचितं शीर्षकम


(खण्ड)-1
निम्नलिखित गद्यांशों को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर
निर्देशानुसार लिखें।
'विद्या' शब्दस्य अर्थः ज्ञानम् अस्ति। एषा विद्या महता प्रयत्नेन लभ्यते। विद्यावान्
नरः एव सर्वत्र सम्मान लभते विद्या मानवस्य सर्वश्रेष्ठम् आभूषण वर्तते। एषा
कुरूपम् अपि सुरूपं करोति। विदेशे बन्धुवत् सहाय्यं करोति। अनया एवं मानवः
कीर्ति धनम् सुखम् च लभते। अतः सवैः जनः स्वजीवने सुख समृद्धि च प्राप्तुं
विद्या प्राप्तये प्रयत्नः करणीयः ।
(क) एक पदेन उतरत :-
(1) कः सर्वत्र सम्मानं लभते? (ii) मानवस्य
(ख) पूर्ण वाक्येन उत्तरत :-
() विद्या विदेशे किं करोति? (ii) विद्या प्राप्
(ग) अस्य गद्यांशस्य एवं समुचित शीर्षकम लिखत

(Q.1) अ-गधांश -
(Q.1. अ -क) i उत्तर- विधावान् नरः ।


विद्या विदेशे किं करोति? (ii) विद्या प्राप 
कः सर्वत्र सम्मान लभते? (ii) मानवस्य
(ख) पूर्ण वाक्येन उतरत :-
(
(ग) अस्य गद्यांशस्य एक समुचित शीर्षकम लिखत।
(Q.1) अ-गधांश -
(Q.1. अ-क) i उत्तर- विधावान् नरः ।
(Q.1. अ-क) ii उत्तर- विधा ।
(Q.1. अ -ख) i उत्तर - विधा विदेशे बंधुवत् सहाय्यं करोति ।
(Q.1. अ -ख) ii उत्तर - सर्वैः जनैः स्वजीवने सुर
विधा प्राप्तये प्रयत्नः करणीयः ।


आसीत मन्दरनानि पर्वते दोन्तो नाम सिंहः। स चे सर्वदा पशुना वर्ष कुर्वन
आस्ते। ततः सर्वेः पशुभिः मिलित्वा स तिही विज्ञप्तः-मृगेन्द्र किमर्थमेकदा बहु
पशुपातः क्रियते?
(क) एक पदेन उत्तरत :-
1x2-2
(i), दुर्दान्तो नाम कः आसीत् ? (ii) सः केषां वयं करोतिस्म? 2x2-4
(ख) पूर्ण वाक्येन
(i)
उतरत :-
दुर्दान्तो नाम सिंहः कुत्र आसीत् ?
(ii) सर्वदा पशूनां वध का कर्बन आस्ते?
(Q.1. ब-क) i उत्तर- सिंहः ।
(Q.1. ब -क) ii उत्तर- पशूनां ।
(Q.1. ब -ख) i उत्तर - दुर्दान्तो नाम सिंह: मन्दरनाम्लो पर्वते
Q5 x


(Q.1. ब -ख) ii उत्तर- सर्वदा पशूनां वधं सिंह: कुर्वन् आस्ते ।
3.
निम्न में से किन्ही दो प्रश्नों के उत्तर दा
(i)
विद्यालय में
आवेदन पत्र लिखें।
(ii)
बड़े भाई की शादी में जाने हेतु अवकाश की स्वीकृति के लिए प्रधानाध्यापक
को संस्कृत में एक आवेदन पत्र लिखें।
(iii) अंक प्रमाण-पत्र प्राहिंतु प्रधानाध्यापक के पास संस्कृत में एक आवेदन
पत्र लिखा
(iv) मित्र को जन्म दिन की बधाई देते हुए संस्कृत में एक पत्र लिखें।
17.
(Q.3)ii उत्तर-
सेवायाम्
खेल प्रबंधन में सुधार हेतु प्रधानाध्यापक को संस्कृत में एक
श्रीमन्त् प्रधानाचार्यमहोदया:
हर प्रसाद दास जैन स्कूल, आरा
मान्यवराः
सविनयं निवेदनं अस्ति यत् मम् मित्रम् / अग्रज भ्राता विवाह: श्वः



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